प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक इंटरव्यू में कहा है, “मैं
आलोचकों का ईमानदारी से बहुत सम्मान करता हूं
लेकिन दुर्भाग्य से इनकी संख्या बहुत कम है।” उन्होंने
कहा, “अधिकतर लोग सिर्फ आरोप लगाते हैं…आलोचना
के लिए अत्यधिक मेहनत व रिसर्च ज़रूरी है, शायद
आजकल की भागती-दौड़ती दुनिया में लोगों के पास
समय नहीं है…कभी-कभी मुझे आलोचकों की कमी
खलती है।”
